
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने तीन वर्षों के लंबित राज्य खेल अलंकरणों के लिए चयनित खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और निर्णायकों की सूची जारी कर दी है। खेल एवं युवा कल्याण विभाग की ओर से वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के लिए कुल 82 खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और निर्णायकों का चयन किया गया है।
इन सभी को राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर 29 अगस्त को राजधानी रायपुर में आयोजित राज्य अलंकरण समारोह में सम्मानित किया जाएगा। समारोह में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय मुख्य अतिथि होंगे, जबकि उप मुख्यमंत्री एवं खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगे।
पांच दलों के 43 खिलाड़ी और प्रशिक्षक मुख्यमंत्री ट्रॉफी के लिए चयनित
राज्य सरकार ने मुख्यमंत्री ट्रॉफी के लिए पांच दलों का चयन किया है। इन दलों में कुल 43 खिलाड़ी और प्रशिक्षक शामिल हैं। चयनित खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों को समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ट्रॉफी से सम्मानित किया जाएगा।
छह प्रमुख खेल पुरस्कार दिए जाएंगे
राज्य अलंकरण समारोह में खिलाड़ियों और खेल से जुड़े लोगों को अलग-अलग श्रेणियों में सम्मानित किया जाएगा। इनमें प्रमुख रूप से—
- शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार
- शहीद कौशल यादव पुरस्कार
- वीर हनुमान सिंह पुरस्कार
- शहीद पंकज विक्रम सम्मान
- शहीद विनोद चौबे सम्मान
- मुख्यमंत्री ट्रॉफी
शामिल हैं।
खेल एवं युवा कल्याण विभाग हर वर्ष उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और निर्णायकों को इन राज्य स्तरीय पुरस्कारों से सम्मानित करता है। वर्ष 2025-26 के पुरस्कारों के लिए आवेदन प्रक्रिया पहले ही पूरी की जा चुकी थी।
तीन वर्षों के पुरस्कार एक साथ
इस बार वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के पुरस्कार एक साथ दिए जा रहे हैं। लंबे समय से राज्य खेल अलंकरण का इंतजार कर रहे खिलाड़ियों के लिए यह समारोह खास माना जा रहा है। तीन वर्षों की खेल उपलब्धियों को एक मंच पर सम्मान मिलने से प्रदेश के खेल जगत में उत्साह का माहौल है।
रायपुर में होगा भव्य समारोह
राज्य अलंकरण समारोह रायपुर के पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित किया जाएगा। इसमें चयनित खिलाड़ियों के अलावा उनके प्रशिक्षक और निर्णायक भी सम्मानित होंगे। सरकार का उद्देश्य खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करना और प्रदेश के युवाओं को खेलों के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करना है।
राष्ट्रीय खेल दिवस पर होने वाला यह समारोह छत्तीसगढ़ के खेल जगत के लिए महत्वपूर्ण अवसर होगा, जहां तीन वर्षों की उपलब्धियों को एक साथ सम्मान मिलेगा।