मध्य प्रदेश में स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन-2026 को लेकर पटवारियों का विरोध तेज हो गया है। निलंबन, सेवा समाप्ति और अन्य दंडात्मक कार्रवाइयों के विरोध में मध्यप्रदेश पटवारी संघ ने आंदोलन शुरू कर दिया है। संघ के आह्वान पर नर्मदापुरम जिले में पटवारियों ने ऑनलाइन राजस्व कार्य बंद कर विरोध दर्ज कराया और राजस्व विभाग के प्रमुख सचिव के नाम ज्ञापन सौंपा।

कलेक्ट्रेट परिसर में नारेबाजी, डिप्टी कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
पटवारी संघ की नर्मदापुरम जिला इकाई के सदस्यों ने कलेक्ट्रेट परिसर में नारेबाजी कर कार्रवाई का विरोध किया। इसके बाद राजस्व विभाग के प्रमुख सचिव के नाम ज्ञापन डिप्टी कलेक्टर सीमा बडोले को सौंपा गया।
संघ ने स्वामित्व योजना के क्रियान्वयन के दौरान पटवारियों पर की जा रही दंडात्मक कार्रवाई को वापस लेने की मांग की है। पटवारियों का कहना है कि योजना से जुड़े व्यावहारिक और कानूनी मुद्दों को दूर किए बिना कर्मचारियों पर कार्रवाई करना उचित नहीं है।
कार्रवाई वापस नहीं हुई तो सामूहिक अवकाश पर जाएंगे पटवारी
पटवारी संघ ने चेतावनी दी है कि यदि पटवारियों के खिलाफ की गई दंडात्मक कार्रवाई वापस नहीं ली गई, तो गुरुवार से सभी पटवारी सामूहिक अवकाश पर चले जाएंगे।
देवास में तीन पटवारियों की सेवा समाप्त किए जाने का विरोध करते हुए जिला अध्यक्ष देवेंद्र कदम और इटारसी तहसील अध्यक्ष देवीशरण पटेल ने कहा कि प्रदेशभर में पटवारियों पर काम को लेकर अनुचित दबाव बनाया जा रहा है।
संघ के मुताबिक, स्वामित्व योजना के क्रियान्वयन में आ रही व्यावहारिक और कानूनी अड़चनों से सरकार को पहले ही अवगत कराया जा चुका है। इसके बावजूद समस्याओं का समाधान करने के बजाय पटवारियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
राजस्व निरीक्षक और तहसीलदार संघ भी जता चुके हैं आपत्ति
संघ ने बताया कि स्वामित्व योजना से जुड़े कार्यों को लेकर राजस्व निरीक्षक और तहसीलदार संघ भी अपनी आपत्तियां दर्ज करा चुके हैं। पटवारियों का कहना है कि योजना के काम में आ रही विसंगतियों को दूर करने के लिए प्रशासन को आवश्यक कदम उठाने चाहिए।
राजस्व सेवाएं प्रभावित होने की आशंका
पटवारियों के ऑनलाइन राजस्व कार्य बंद करने और संभावित सामूहिक अवकाश से आम लोगों और किसानों से जुड़े कई जरूरी काम प्रभावित हो सकते हैं। इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:
- गिरदावरी से जुड़े कार्य
- किसानों के नामांतरण की प्रक्रिया
- राजस्व दस्तावेजों की नकल उपलब्ध कराना
- खाद और बीज से संबंधित जरूरी राजस्व कार्य
यदि आंदोलन आगे बढ़ता है, तो इन सेवाओं में देरी होने की आशंका है।
ज्ञापन सौंपने के दौरान ये पदाधिकारी रहे मौजूद
ज्ञापन सौंपने के दौरान देवेंद्र कदम, मुकेश गौर, प्रदीप यादव, चेतन वर्मा और राजेश गहरवार सहित पटवारी संघ के कई पदाधिकारी मौजूद रहे।
फिलहाल, संघ ने दंडात्मक कार्रवाई वापस लेने की मांग की है। अब देखना होगा कि प्रशासन और सरकार की ओर से इस मामले में क्या कदम उठाए जाते हैं।