रायपुर। रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने उत्साह और उल्लास के साथ अपना 42वां स्थापना दिवस मनाया। रेलवे वर्कशॉप ग्राउंड में आयोजित समारोह में उत्कृष्ट सेवा के लिए अधिकारियों और जवानों को 3 राष्ट्रपति पुलिस पदक, 30 पुलिस पदक और 1 जीवन रक्षा पदक से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में महिला दस्ता, कोरास कमांडो, डॉग स्क्वॉड और सेगवे दस्ते ने प्रदर्शन किया। वहीं, तकनीकी प्रदर्शनी में ड्रोन निगरानी, ह्यूमनॉइड रोबोट ‘अर्जुन’ और आधुनिक डिजिटल सुरक्षा प्रणालियों का प्रदर्शन किया गया।

समारोह में रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल, महापौर मीनल चौबे, RPF महानिदेशक सोनाली मिश्रा, छत्तीसगढ़ के DGP अरुण देव गौतम और रायपुर कमिश्नर संजीव शुक्ला सहित रेलवे और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने जवानों को दी बधाई
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने स्थापना दिवस के अवसर पर RPF के अधिकारियों और जवानों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि रेलवे की संपत्ति की रक्षा करना और यात्रियों का विश्वास बनाए रखना बेहद महत्वपूर्ण है। भारतीय रेल देश की जीवनरेखा है और उसे सुरक्षित रखने में रेलवे सुरक्षा बल की भूमिका अहम है।
रेल मंत्री ने महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा सहित सभी जिम्मेदारियों का निष्ठापूर्वक निर्वहन करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि रेलवे का अनुशासन उसकी सबसे बड़ी ताकत है। साथ ही, सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों को नमन करते हुए पदक विजेताओं को बधाई दी।
बृजमोहन अग्रवाल बोले- कठिन परिस्थितियों में RPF ने किया काम
रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि छत्तीसगढ़ में RPF को पहले कठिन परिस्थितियों में काम करना पड़ा है। उन्होंने क्षेत्र में बम विस्फोट और रेलवे पटरियां उखाड़े जाने जैसी घटनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि अब नक्सलवाद के खिलाफ कार्रवाई के बीच परिस्थितियों में बदलाव आया है और स्थापना दिवस पर बल की कार्यक्षमता का प्रदर्शन देखने को मिला।
अग्रवाल ने कहा कि रेलवे यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए तकनीक और आईटी का इस्तेमाल कर रहा है। उन्होंने रेल मंत्री की ओर से रेलवे सुरक्षा बल को मिल रहे सहयोग का भी उल्लेख किया।
उन्होंने महिलाओं की लोकल ट्रेनों में सुरक्षित यात्रा को बढ़ावा देने के लिए RPF की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।
RPF महानिदेशक सोनाली मिश्रा ने सुरक्षा अभियानों पर दिया जोर
RPF की महानिदेशक सोनाली मिश्रा ने कहा कि जहां भी बल की जरूरत होगी, वहां पूरी तत्परता से काम किया जाएगा। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री की ओर से नशे के खिलाफ शुरू किए गए अभियान में RPF हरसंभव सहयोग कर रहा है।
उन्होंने कहा कि कमजोर वर्गों, महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं। बिलासपुर से अपने करियर की शुरुआत का जिक्र करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ में आयोजित कार्यक्रम को लेकर खुशी भी जताई।
ट्रेनों में गांजा तस्करी रोकने के लिए संयुक्त अभियान
ट्रेनों के जरिए गांजा सप्लाई और तस्करी के सवाल पर सोनाली मिश्रा ने बताया कि इस पर रोक लगाने के लिए संयुक्त अभियान चलाया जा रहा है। इसमें RPF, GRP और राज्य पुलिस मिलकर कार्रवाई कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि तस्करी के मामलों में गिरफ्तारियों की संख्या बढ़ी है और तय लक्ष्य के अनुरूप कार्रवाई जारी है। तस्करों द्वारा अपने तरीके बदलने के बीच RPF ने नई मानक संचालन प्रक्रियाएं (SOP) भी तैयार की हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में तस्करी के खिलाफ कार्रवाई और प्रभावी होगी।
महिला दस्ता, कोरास कमांडो और आधुनिक तकनीक का प्रदर्शन
स्थापना दिवस समारोह में RPF की परिचालन क्षमता और आधुनिक तकनीक का प्रदर्शन भी आकर्षण का केंद्र रहा। महिला दस्ते, कोरास कमांडो, डॉग स्क्वॉड और सेगवे दस्ते ने अपनी दक्षता दिखाई।
तकनीकी प्रदर्शनी में ड्रोन आधारित निगरानी, ह्यूमनॉइड रोबोट ‘अर्जुन’ और डिजिटल सुरक्षा प्रणालियों को प्रदर्शित किया गया। इन प्रस्तुतियों के जरिए रेलवे सुरक्षा में तकनीक के बढ़ते इस्तेमाल और यात्रियों की सुरक्षा को लेकर किए जा रहे प्रयासों की झलक दिखाई गई।