Vishnu Deo Sai ने प्रदेशवासियों से पेट्रोल-डीजल को लेकर घबराने या अनावश्यक खरीदारी से बचने की अपील की है। राजधानी सहित छत्तीसगढ़ के कई जिलों में ईंधन को लेकर अफरा-तफरी की स्थिति देखी जा रही है, जिसके कारण कई पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें लग गईं और कुछ पंप अस्थायी रूप से बंद भी रहे।

दिल्ली दौरे से लौटने के बाद मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य में पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। सभी ऑयल डिपो में नियमित रूप से ईंधन की सप्लाई हो रही है और वितरण व्यवस्था सामान्य रूप से संचालित की जा रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार और ऑयल कंपनियां लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
मुख्यमंत्री ने बताया कि वैश्विक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए भारत सरकार ने भी आवश्यक तैयारियां कर रखी हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री Narendra Modi की अपील का उल्लेख करते हुए कहा कि लोगों को अफवाहों से बचना चाहिए और जरूरत के अनुसार ही ईंधन लेना चाहिए। उन्होंने प्रदेशवासियों से संयम, जागरूकता और जिम्मेदारी दिखाने का आग्रह किया।
दिल्ली प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री साय ने केंद्रीय गृहमंत्री Amit Shah से भी मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने नक्सलवाद के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों और बस्तर क्षेत्र में संचालित योजनाओं की जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने बताया कि “मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान” के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीमें गांव-गांव जाकर लोगों की जांच कर रही हैं। अब तक लगभग 70 हजार लोगों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाई जा चुकी हैं और लक्ष्य 36 लाख लोगों तक पहुंचने का है।
उन्होंने यह भी बताया कि “अग्रणी बस्तर कार्यक्रम” के अंतर्गत ग्राम पंचायतों में शिविर लगाकर राशन कार्ड, आयुष्मान कार्ड और आधार कार्ड जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार मध्य क्षेत्रीय परिषद की बैठक बस्तर में आयोजित होना छत्तीसगढ़ के लिए गौरव और सौभाग्य की बात है, जिसमें उत्तराखंड, मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश और छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधि शामिल होंगे।