खरीफ सीजन की बुवाई से पहले किसानों की जरूरत को देखते हुए नकली डीएपी खाद का अवैध कारोबार सामने आया है। इस मामले में कृषि विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है।

मुख्य बातें:
- पाटन के ग्राम करौंदी में नकली डीएपी खाद बनाने की अवैध फैक्ट्री पकड़ी गई।
- यह पूरा धंधा एक घर के अंदर गुपचुप तरीके से चलाया जा रहा था।
- आरोपी बहादुर सिंह राजपूत के यहां से नकली खाद, रसायन और पैकिंग सामग्री जब्त की गई।
- आशंका है कि ब्रांडेड कंपनी PPL के नाम पर नकली खाद को असली बताकर बाजार में बेचा जा रहा था।
- आरोपी द्वारा नकली खाद को असली दिखाने के लिए ब्रांडेड जैसी बोरियों में पैक करने की साजिश भी सामने आई।
- कृषि विभाग ने मामला उर्वरक नियंत्रण आदेश (Fertilizer Control Order) मामला के तहत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
- सैंपल लैब टेस्ट के लिए भेजे गए हैं और पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है।
निष्कर्ष:
किसानों की जरूरत के समय नकली खाद का यह मामला गंभीर धोखाधड़ी का संकेत देता है। प्रशासन ने समय रहते कार्रवाई कर बड़ी सप्लाई को बाजार में पहुंचने से रोक दिया है और अब पूरे नेटवर्क की जांच जारी है।