रायपुर। विजयादशमी के दिन साड़ी पहनकर शस्त्र पूजन के दौरान हर्ष फायरिंग करने के मामले में राजनांदगांव की एसपी IPS अंकिता शर्मा को भाजपा विधायक रिकेश सेन का समर्थन मिला है। विधायक ने इस मामले में आईजी अजय यादव के बयान पर भी आपत्ति जताई है। उन्होंने कहा कि पुलिस को सोशल मीडिया पर आने वाली प्रतिक्रियाओं के आधार पर नहीं, बल्कि अपने विवेक और सरकार की नीति के अनुसार निर्णय लेना चाहिए।

विधायक रिकेश सेन ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दावा किया कि विजयादशमी के दिन देशभर में 100 से अधिक महिलाओं ने शस्त्र पूजन के बाद गोली चलाई। इनमें जिला पंचायत सीईओ, कलेक्टर, नगर निगम कमिश्नर, एसडीएम और अपर कलेक्टर जैसे पदों पर कार्यरत महिलाएं भी शामिल थीं। उन्होंने कहा कि ये सभी महिलाएं साड़ी पहने हुए थीं और इसका उदाहरण उज्जैन में भी देखने को मिला।
‘सोशल मीडिया के हिसाब से चलेगी पुलिस तो स्मार्ट पुलिस बनना मुश्किल’
भाजपा विधायक रिकेश सेन ने राजनांदगांव आईजी अजय यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने बयान में बताया था कि सोशल मीडिया पर नकारात्मक टिप्पणियां आने के कारण IPS अंकिता शर्मा को नोटिस जारी किया गया।
इस पर आपत्ति जताते हुए सेन ने कहा कि यदि पुलिस सोशल मीडिया की प्रतिक्रियाओं के हिसाब से काम करेगी, तो स्मार्ट पुलिस बन पाना मुश्किल होगा। पुलिस को अपने विवेक और सरकार की नीति के अनुसार निर्णय लेना चाहिए।
‘छत्तीसगढ़ की बेटी को देशभर में ट्रोल किया जा रहा’
विधायक सेन ने आगे कहा कि छत्तीसगढ़ की बेटी अंकिता शर्मा को जिस तरह देशभर के मीडिया में ट्रोल किया जा रहा है, उससे प्रदेश को लेकर लोगों की मंशा पर सवाल उठते हैं। उन्होंने कहा कि वह मजबूती से IPS अंकिता शर्मा के समर्थन में खड़े हैं।
अवधेशानंद गिरी महाराज भी कर चुके हैं समर्थन
इससे पहले श्री पंच दशानन जूना अखाड़ा के आचार्य महामंडलेश्वर अवधेशानंद गिरी महाराज ने भी अंकिता शर्मा का समर्थन किया था। उन्होंने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर पोस्ट कर उनके शस्त्र पूजन को नारी शक्ति, सांस्कृतिक स्वाभिमान और कर्तव्यनिष्ठा का प्रेरक उदाहरण बताया था।
उन्होंने लिखा था कि साड़ी पहनकर श्रद्धापूर्वक शस्त्र पूजन करतीं वरिष्ठ IPS अधिकारी का स्वरूप भारतीय संस्कृति, नारी गरिमा और राष्ट्ररक्षा के संकल्प की अभिव्यक्ति है।