बालाघाट। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत बालाघाट जिले के लांजी ब्लॉक अंतर्गत ग्राम कारंजा पहुंचे। यहां उन्होंने संघ के स्थापना के शताब्दी वर्ष के अवसर पर आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने संघ के तृतीय सरसंघचालक बालासाहेब देवरस और वरिष्ठ प्रचारक भाऊराव देवरस की स्मृति में नवनिर्मित सेवान्यास भवन तथा माधव नेत्रालय का लोकार्पण किया।

मोहन भागवत ने ग्राम कारंजा स्थित दत्त मंदिर में पूजा-अर्चना की। इसके बाद उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्षों के इतिहास पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया। कार्यक्रम के दौरान संघ के इतिहास, सेवा कार्यों और संगठन से जुड़े विभिन्न पहलुओं को प्रस्तुत किया गया।
बालासाहेब और भाऊराव देवरस के योगदान को किया याद
मंचीय कार्यक्रम की शुरुआत भारत माता, बालासाहेब देवरस और वरिष्ठ प्रचारक भाऊराव देवरस के तैलचित्रों पर पुष्प अर्पित करने तथा दीप प्रज्वलन के साथ हुई।
अपने संबोधन में मोहन भागवत ने बालासाहेब देवरस और भाऊराव देवरस के जीवन तथा संघ के लिए उनके योगदान का संक्षिप्त परिचय दिया। उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सेवा और समर्पण से जुड़े कार्यों पर प्रकाश डालते हुए ‘सेवा’ और ‘सर्विस’ के बीच के अंतर को भी समझाया।
संघ के शताब्दी वर्ष के अवसर पर आयोजित इन कार्यक्रमों में स्मृति भवन और माधव नेत्रालय का लोकार्पण प्रमुख रहा। इन पहलों को बालासाहेब देवरस और भाऊराव देवरस की स्मृति से जोड़कर देखा जा रहा है।