इस समाचार का संक्षिप्त सार:
- डॉ. लाल उमेद सिंह ने पुलिस विभाग में अनुशासनहीनता के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है।
- विभागीय जांच के बाद तीन आरक्षकों—संतोष कुमार राम, नेल्सन तिग्गा और अशोक कुमार एक्का—को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया।

- दो अन्य आरक्षकों पर भी गंभीर दंड लगाया गया:
- इरीमियस कुजूर की एक वेतन वृद्धि के बराबर धनराशि संचयी प्रभाव से कम की गई।
- बिंदेश्वर राम को एक वर्ष के लिए न्यूनतम वेतनमान पर लाया गया, जिसका असर भविष्य की वेतन वृद्धि और पेंशन पर पड़ेगा।
- जांच में पाया गया कि बर्खास्त किए गए तीनों आरक्षक कई वर्षों तक बार-बार बिना अनुमति लंबे समय तक गैरहाजिर रहे:
- संतोष कुमार राम: 13 वर्षों में 33 बार, कुल 469 दिन।
- नेल्सन तिग्गा: 17 वर्षों में 28 बार, कुल 923 दिन।
- अशोक कुमार एक्का: 20 वर्षों में 30 बार, कुल 1151 दिन।
- एसएसपी ने कहा कि पुलिस विभाग में अनुशासनहीनता, कर्तव्य के प्रति उदासीनता और स्वेच्छाचारिता किसी भी हालत में स्वीकार नहीं की जाएगी तथा भविष्य में भी ऐसी कार्रवाई जारी रहेगी।
मुख्य संदेश: पुलिस विभाग में जवाबदेही और अनुशासन बनाए रखने के लिए लगातार गैरहाजिर रहने वाले कर्मियों पर सख्त विभागीय कार्रवाई की गई है।