मध्य प्रदेश के सीहोर जिले के रेहटी की महज दो साल दो महीने की आध्या पालीवाल अपनी असाधारण स्मरण शक्ति और प्रतिभा के चलते चर्चा में हैं। इतनी कम उम्र में आध्या ने हिंदी-अंग्रेजी वर्णमाला, गिनती, महीनों और सप्ताह के दिनों के नाम समेत कई चीजें याद कर ली हैं। परिवार के मुताबिक, उनकी प्रतिभा को इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड्स ने भी मान्यता दी है।
पिता विजय पालीवाल की बेटी आध्या को परिवार के अनुसार हिंदी और अंग्रेजी वर्णमाला, सप्ताह के दिनों और महीनों के नाम, बॉडी पार्ट्स, विलोम शब्द और 100 तक की गिनती याद है। इसके अलावा वह 10 हिंदू मंत्र भी सुना सकती हैं।
18 महीने की उम्र में सुनाया पूरा मंत्र
आध्या की प्रतिभा का अहसास परिवार को तब हुआ, जब उन्होंने महज 18 महीने की उम्र में एक पूरा हिंदू मंत्र सुनाकर सभी को हैरान कर दिया। इसके बाद परिवार ने उनकी रुचि और स्मरण शक्ति को देखते हुए उन्हें लगातार नई चीजें सिखाने और सीखने के लिए प्रोत्साहित किया।
आध्या केवल याद करने की क्षमता ही नहीं, बल्कि शारीरिक दक्षता का भी प्रदर्शन करती हैं। परिवार के मुताबिक, वह 16 योगासन कर सकती हैं। इसके अलावा 20 पक्षियों, 22 सब्जियों और 80 जानवरों की पहचान करने के साथ ही 16 प्रकार के यातायात के साधनों, फलों और अलग-अलग आकारों को भी पहचान लेती हैं।
इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड्स ने दी मान्यता
परिवार के अनुसार, 30 जून 2026 को इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड्स ने आध्या की प्रतिभा को मान्यता देते हुए उन्हें ‘सुपर टैलेंटेड किड’ की उपाधि दी और ‘वन इन ए मिलियन’ के रूप में सम्मानित किया।
रिकॉर्ड में नाम दर्ज होने के बाद भी आध्या का सीखने का सिलसिला जारी है। अब वह ग्रहों के नाम, हिंदू महीनों के नाम, राज्यों की राजधानियां और हिंदी में सप्ताह के दिनों के नाम भी बताती हैं।
छोटी उम्र में दिखाई असाधारण प्रतिभा
आज के दौर में जहां छोटे बच्चों का काफी समय मोबाइल और स्क्रीन पर बीतता है, वहीं आध्या की उपलब्धि ने परिवार और स्थानीय लोगों का ध्यान आकर्षित किया है। महज दो साल की उम्र में अलग-अलग विषयों को याद करने और योगासन करने की उनकी क्षमता को परिवार उनके लिए विशेष उपलब्धि मानता है।
आध्या की इस प्रतिभा से उनके परिवार के साथ-साथ रेहटी और सीहोर क्षेत्र में भी खुशी का माहौल है। परिवार का कहना है कि रिकॉर्ड मिलने के बाद उनका उत्साह और बढ़ा है और वह आध्या को आगे भी नई चीजें सीखने के लिए प्रोत्साहित करते रहेंगे।