मध्य प्रदेश के उज्जैन में रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने चलती ट्रेनों से पार्सल चोरी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। उज्जैन RPF ने सूरत RPF क्राइम ब्रांच और मुंबई मंडल की टीम के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए उत्तर प्रदेश और बिहार से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 5.60 लाख रुपये से अधिक कीमत के रेडीमेड लेडीज कपड़े और करीब 1.50 लाख रुपये की आर्टिफिशियल ज्वेलरी बरामद की गई है।

रेलवे कर्मचारियों का भेष बनाकर करते थे चोरी
जांच में सामने आया कि आरोपी रेलवे के मेंटेनेंस कर्मचारियों की तरह कपड़े पहनकर ट्रेनों के एसएलआर (SLR) कोच में दाखिल होते थे। इसके बाद इलेक्ट्रिक कटर की मदद से कोच की प्लाईवुड और लोहे की चादर काटकर पार्सल चुरा लेते थे।
आरोपी इस तरह वारदात को अंजाम देते थे कि यात्रियों को लगता था कि रेलवे कर्मचारी कोच में मरम्मत का काम कर रहे हैं। चोरी करने के बाद वे बीच रास्ते में ही ट्रेन से उतर जाते थे, जिससे उनकी पहचान करना और उन्हें पकड़ना मुश्किल हो जाता था।
मुख्य आरोपी अनिल पटेल वाराणसी से गिरफ्तार
मामले की शुरुआत 19 सितंबर 2026 को अहमदाबाद-दरभंगा अंत्योदय एक्सप्रेस में चोरी की शिकायत मिलने के बाद हुई। ट्रेन के एसएलआर कोच को काटकर आर्टिफिशियल ज्वेलरी के पार्सल चोरी किए गए थे। इसके अलावा, मुंबई मंडल की एक अन्य ट्रेन से रेडीमेड लेडीज कपड़ों की चोरी का मामला भी सामने आया।
लगातार सामने आ रही घटनाओं को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर संयुक्त टीम गठित की गई। टीम ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के कथित मुख्य आरोपी अनिल पटेल को वाराणसी से गिरफ्तार किया। वहीं, मोहम्मद जाहिद और मोहम्मद विक्की को बिहार के मुंगेर से पकड़ा गया।
दो अन्य आरोपियों की तलाश जारी
RPF के मुताबिक, गिरोह के दो अन्य आरोपी अभी फरार हैं और उनकी तलाश की जा रही है। मामले में अलग-अलग रेलवे इकाइयों की संयुक्त कार्रवाई के जरिए चोरी के नेटवर्क का पता लगाने की कोशिश की जा रही है।
इस कार्रवाई में 5.60 लाख रुपये से अधिक के रेडीमेड कपड़ों और करीब 1.50 लाख रुपये की आर्टिफिशियल ज्वेलरी की बरामदगी हुई है। रेलवे सुरक्षा बल मामले की आगे की जांच कर रहा है।