लुधियाना। पंजाब के लुधियाना में आयोजित श्री हनुमंत कथा के दौरान बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने राज्य में नशे की समस्या और धर्मांतरण के मुद्दे पर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि पंजाब में दो प्रमुख समस्याओं पर तत्काल ध्यान देने की जरूरत है—नशे पर रोक और धर्मांतरण को रोकना।

चंडीगढ़ रोड स्थित GLADA ग्राउंड में आयोजित कथा में श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि पंजाब के हालात को देखकर उन्हें चिंता होती है। उन्होंने कहा कि सरकार, प्रशासन और सामाजिक संगठन अपने स्तर पर काम कर रहे हैं, लेकिन नशे और धर्मांतरण के मुद्दे पर और प्रयास किए जाने चाहिए।
पंजाब में नशे पर रोक और धर्मांतरण का मुद्दा उठाया
धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि पंजाब के सामने युवाओं में बढ़ता नशे का चलन बड़ी चिंता का विषय है। उन्होंने धर्मांतरण को लेकर भी सवाल उठाए और कहा कि इस मुद्दे पर समाज को जागरूक होने की जरूरत है।
उन्होंने धार्मिक पहचान और आस्था का जिक्र करते हुए सिख समुदाय के लोगों से अपनी धार्मिक परंपराओं और गुरु ग्रंथ साहिब के प्रति आस्था बनाए रखने की अपील की।
सिख समाज से बोले- किसी के बहकावे में न आएं
धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि जो सिख भाई पगड़ी धारण करते हैं और श्री गुरु ग्रंथ साहिब में आस्था रखते हैं, उन्हें किसी के बहकावे में आकर धर्मांतरण के रास्ते पर नहीं जाना चाहिए।
उन्होंने गुरु परंपरा और गुरुबाणी का उल्लेख करते हुए कहा कि सिख समाज के पास अपनी समृद्ध धार्मिक परंपरा और आध्यात्मिक विरासत है। उन्होंने कहा कि पंजाब के सिख समाज के साथ वे इस मुद्दे पर खड़े हैं।
बोले- पंजाब में नशा और धर्मांतरण बर्दाश्त नहीं
धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि पंजाब की धरती पर नशे और धर्मांतरण को बढ़ावा देने वाली गतिविधियों का विरोध किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि समाज और प्रशासन को मिलकर इन समस्याओं से निपटने के लिए काम करना होगा।
लुधियाना में दिए गए इन बयानों के बाद उनके धर्मांतरण संबंधी वक्तव्य को लेकर विवाद भी सामने आया है। लुधियाना के शाही इमाम मौलाना उस्मान रहमानी ने उनके कुछ बयानों पर आपत्ति जताते हुए सार्वजनिक माफी की मांग की है।
लुधियाना में 30 सितंबर तक चल रही हनुमंत कथा
लुधियाना के GLADA ग्राउंड में पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की पांच दिवसीय श्री हनुमंत कथा का आयोजन 26 से 30 सितंबर 2026 तक किया जा रहा है। कथा के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं और प्रशासन की ओर से आयोजन स्थल पर सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था की गई है।