भोपाल। मध्यप्रदेश में अघोषित बिजली कटौती के मुद्दे को लेकर कांग्रेस ने बुधवार को प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ता हाथों में लालटेन लेकर बिजली विभाग के कार्यालय पहुंचे और अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर विद्युत आपूर्ति व्यवस्था में सुधार की मांग की। कांग्रेस ने सरकार से अघोषित बिजली कटौती पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है।

बिजली कटौती को लेकर कांग्रेस ने जताया विरोध
कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं का आरोप है कि राजधानी भोपाल समेत प्रदेश के कई हिस्सों में बिना पूर्व सूचना के रोजाना 1 से 4 घंटे तक बिजली कटौती की जा रही है। कांग्रेस नेता विवेक त्रिपाठी ने कहा कि बिजली कटौती के कारण आम उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने हाथों में लालटेन लेकर बिजली व्यवस्था को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया। इसके बाद बिजली विभाग के अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर विद्युत प्रदाय व्यवस्था सुधारने की मांग की गई।
‘सरप्लस बिजली का दावा, फिर अघोषित कटौती क्यों?’
विवेक त्रिपाठी ने कहा कि सरकार प्रदेश में पर्याप्त और सरप्लस बिजली उपलब्ध होने का दावा करती है, लेकिन दूसरी ओर उपभोक्ताओं को अघोषित कटौती का सामना करना पड़ रहा है। कांग्रेस ने इस स्थिति को लेकर सरकार से जवाब मांगा है।
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि जब बिजली कटौती का कारण पूछा जाता है तो विभाग की ओर से अक्सर मेंटेनेंस का हवाला दिया जाता है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर ऐसी कौन सी मेंटेनेंस व्यवस्था है जिसके कारण लंबे समय से बिजली कटौती की स्थिति बनी हुई है।
बिजली व्यवस्था सुधारने की मांग
कांग्रेस का कहना है कि पहले से ही उपभोक्ताओं पर बिजली बिल का आर्थिक बोझ है और इसके बावजूद पर्याप्त बिजली आपूर्ति नहीं मिलने से लोगों को परेशानी हो रही है।
कांग्रेस ने सरकार और बिजली विभाग से विद्युत आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने, कटौती की जानकारी पहले से देने और अघोषित बिजली कटौती पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है।