रायपुर। छत्तीसगढ़ के रियल एस्टेट सेक्टर को आधुनिक, सुव्यवस्थित और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप विकसित करने के उद्देश्य से रायपुर के मेफेयर लेक रिसॉर्ट में क्रेडाई छत्तीसगढ़ ने ‘स्टेटकॉन 2026’ का आयोजन किया। राज्य स्तरीय महासम्मेलन की थीम ‘बिल्डिंग विकसित छत्तीसगढ़-टुगेदर टुवर्ड्स 2047’ रखी गई।

सम्मेलन में शासन, प्रशासन, रियल एस्टेट डेवलपर्स और उद्योग जगत से जुड़े प्रतिनिधियों ने एक मंच पर राज्य के विकास, शहरीकरण और भविष्य की नीतियों को लेकर विचार-विमर्श किया।
प्रशासन और क्रेडाई के बीच संवाद पर जोर
सम्मेलन के पहले सत्र ‘रिफॉर्म्स टू रियलिटी: शेपिंग सीजीज ग्रोथ’ में राज्य के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों ने हिस्सा लिया। इनमें आवास एवं पर्यावरण विभाग के सचिव अंकित आनंद, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा, अतिरिक्त मुख्य सचिव ऋचा शर्मा तथा सहकारिता आयुक्त एवं पंजीयक रमेश शर्मा शामिल रहे।
सत्र का संचालन क्रेडाई नेशनल के ईसी मेंबर आनंद सिंघानिया और क्रेडाई छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष पंकज लाहोटी ने किया। परिचर्चा के दौरान अधिकारियों ने राज्य के विकास से जुड़ी योजनाओं और रोडमैप को लेकर क्रेडाई सदस्यों के साथ निरंतर संवाद की जरूरत पर जोर दिया।
अधिकारियों ने कहा कि ‘विकसित छत्तीसगढ़’ के निर्माण में प्रशासन क्रेडाई के साथ मिलकर काम करेगा और आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध कराएगा।
क्रेडाई ने रखा शहरीकरण का विजन
दूसरे सत्र में क्रेडाई नेशनल के प्रेसिडेंट शेखर जी. पटेल और प्रेसिडेंट-इलेक्ट जी. राम रेड्डी ने छत्तीसगढ़ में शहरीकरण को लेकर दीर्घकालिक दृष्टिकोण प्रस्तुत किया। सत्र का संचालन क्रेडाई छत्तीसगढ़ के चेयरमैन मृणाल गोलछा और सदस्य विजय नाथानी ने किया।
इस दौरान महानगरों के अनियोजित विस्तार से बचने और गुजरात तथा तेलंगाना जैसे राज्यों के टाउन प्लानिंग एवं इंफ्रास्ट्रक्चर मॉडल से सीख लेने पर जोर दिया गया। वक्ताओं ने कहा कि छत्तीसगढ़ के शहरों को भविष्य की जरूरतों और चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए योजनाबद्ध तरीके से विकसित करने की आवश्यकता है।
स्मार्ट और भविष्य के शहरों पर मंथन
तीसरे सत्र में सारडा एनर्जी एंड मिनरल्स लिमिटेड के चेयरमैन एवं मैनेजिंग डायरेक्टर कमल सारडा ने स्मार्ट और भविष्य के शहरों के निर्माण को लेकर अपने विचार साझा किए। सत्र का संचालन क्रेडाई छत्तीसगढ़ के सदस्य निखिल धागट ने किया।
चर्चा में आध्यात्म और व्यवसाय के बीच समन्वय स्थापित करने के साथ आने वाले वर्षों में देश के विभिन्न क्षेत्रों में मौजूद व्यापारिक और औद्योगिक संभावनाओं पर भी चर्चा हुई।
CM साय ने साझा किया ‘विकसित छत्तीसगढ़’ का विजन
कार्यक्रम के शाम के सत्र ‘बिल्डिंग विकसित छत्तीसगढ़’ में मुख्य अतिथि के रूप में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और विशिष्ट अतिथि के रूप में वित्त, आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओपी चौधरी शामिल हुए।
मुख्यमंत्री ने 2047 तक ‘विकसित भारत’ के राष्ट्रीय संकल्प के अनुरूप ‘विकसित छत्तीसगढ़’ के निर्माण को लेकर सरकार का विजन साझा किया। उन्होंने राज्य में बुनियादी ढांचे के विस्तार, निवेश के अनुकूल वातावरण और रियल एस्टेट सेक्टर को गति देने वाली पारदर्शी नीतियों की दिशा में किए जा रहे प्रयासों पर चर्चा की।
क्रेडाई छत्तीसगढ़ ने जताई विकास में भागीदारी की प्रतिबद्धता
कार्यक्रम में क्रेडाई छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष पंकज लाहोटी, चेयरमैन मृणाल गोलछा, सचिव अभिषेक बच्छावत, आईपीपी संजय रहेजा, कोषाध्यक्ष आयुष मोदी, प्रोग्राम चेयरमैन अशोक मूंदड़ा और प्रतीक केवलानी समेत अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
क्रेडाई छत्तीसगढ़ के पदाधिकारियों ने राज्य के विकास में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने की प्रतिबद्धता जताई। उन्होंने कहा कि संगठन सरकार की नीतियों के साथ मिलकर एक सुनियोजित, आधुनिक और विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर के निर्माण में योगदान देगा।
‘स्टेटकॉन 2026’ में सरकार, प्रशासन और रियल एस्टेट क्षेत्र के बीच संवाद और सहयोग को लेकर चर्चा हुई। सम्मेलन का फोकस छत्तीसगढ़ के शहरी विकास, आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और 2047 के दीर्घकालिक विकास विजन पर रहा।