ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर की बेटी कृष्णा शर्मा ने अंतरराष्ट्रीय हॉकी में शानदार प्रदर्शन कर देश और शहर का नाम रोशन किया है। चीन के मोकी में आयोजित महिला जूनियर हॉकी एशिया कप 2026 में भारतीय टीम ने ऐतिहासिक खिताबी जीत दर्ज की। फाइनल में भारत ने चीन को 1-0 से हराकर लगातार तीसरी बार एशिया कप का खिताब अपने नाम किया। इस टूर्नामेंट में कृष्णा ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 5 गोल किए।

फाइनल से पहले भारत का शानदार प्रदर्शन
भारतीय टीम ने टूर्नामेंट में शानदार शुरुआत की। भारत ने दक्षिण कोरिया को 4-1, मलेशिया को 11-1, जापान को 7-0 और पाकिस्तान को 19-0 से हराकर फाइनल में जगह बनाई। खिताबी मुकाबले में चीन के खिलाफ 1-0 की जीत के साथ भारत ने लगातार तीसरी बार एशिया कप ट्रॉफी पर कब्जा किया।
कृष्णा शर्मा ने पूरे टूर्नामेंट में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया और भारत के लिए 5 गोल दागे। उनके प्रदर्शन ने टीम की खिताबी यात्रा में अहम योगदान दिया।
ग्वालियर पहुंचने पर रेलवे स्टेशन पर जोरदार स्वागत
एशिया कप जीतने के बाद कृष्णा शर्मा के ग्वालियर लौटने पर रेलवे स्टेशन पर उनका जोरदार स्वागत किया गया। खेल प्रेमियों और शहरवासियों ने उनकी उपलब्धि पर खुशी जताई।
कृष्णा ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता, परिवार, प्रशिक्षकों और ग्वालियर हॉकी अकादमी को दिया। उन्होंने कहा कि देश के लिए खेलना और एशिया कप जीतना उनके जीवन के सबसे गौरवपूर्ण पलों में से एक है।
2015 में शुरू किया हॉकी का सफर
कृष्णा शर्मा ने वर्ष 2015 में हॉकी खेलना शुरू किया था। इसके बाद वर्ष 2019 में वह ग्वालियर हॉकी अकादमी से जुड़ीं। यहां प्रशिक्षण लेने के बाद उन्होंने राज्य और राष्ट्रीय स्तर की कई प्रतियोगिताओं में शानदार प्रदर्शन किया।
वर्ष 2023 में कृष्णा का चयन भारतीय सब-जूनियर महिला हॉकी टीम में हुआ। इसके बाद उन्होंने नीदरलैंड्स दौरे पर भारत का प्रतिनिधित्व किया और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने खेल का अनुभव हासिल किया।
इंग्लैंड अंडर-21 के खिलाफ भी किया था गोल
एशिया कप से पहले कृष्णा भारतीय जूनियर टीम के साथ यूनाइटेड किंगडम के अंतरराष्ट्रीय एक्सपोजर दौरे पर भी गई थीं। इस दौरान इंग्लैंड अंडर-21 के खिलाफ भारत की 2-0 की जीत में उन्होंने एक गोल किया था।
लगातार अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन करते हुए कृष्णा ने जूनियर हॉकी में अपनी जगह मजबूत की और अब एशिया कप की खिताबी जीत में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
ग्वालियर-चंबल की बेटियों को दिया खास संदेश
ग्वालियर लौटने के बाद कृष्णा शर्मा ने क्षेत्र की बेटियों को लेकर भी खास संदेश दिया। उन्होंने कहा कि ग्वालियर-चंबल अंचल बदल रहा है और बेटियों को आगे बढ़ने के लिए घर से बाहर निकलना जरूरी है।
कृष्णा के मुताबिक, खेल के क्षेत्र में बेटियों के लिए काफी संभावनाएं हैं। उन्होंने अभिभावकों से बेटियों को पढ़ाई के साथ-साथ खेल और अपनी पसंद के क्षेत्र में आगे बढ़ने तथा अपने सपनों को पूरा करने का अवसर देने की अपील की।
अंतरराष्ट्रीय मंच पर ग्वालियर का नाम रोशन
कृष्णा शर्मा की यह उपलब्धि न केवल उनकी व्यक्तिगत सफलता है, बल्कि ग्वालियर और मध्य प्रदेश के लिए भी गौरव का विषय है। अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की खिताबी जीत में योगदान देकर कृष्णा ने उन बेटियों के लिए प्रेरणा पेश की है, जो खेल के क्षेत्र में अपना भविष्य बनाना चाहती हैं। उनकी कहानी मेहनत, अनुशासन और सही मार्गदर्शन के जरिए अपने लक्ष्य तक पहुंचने का संदेश देती है।