रायपुर। राजधानी रायपुर के बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में आयोजित आयुर्वेद सेवा सम्मेलन के तहत ‘रक्तदान महादान महाकुंभ’ का आयोजन किया गया। इस दौरान 3 हजार से अधिक लोगों ने रक्तदान किया। इनमें करीब 1100 महिलाएं और 2 हजार पुरुष शामिल रहे। बड़ी संख्या में महिलाओं की भागीदारी को आयोजन की खास उपलब्धि के तौर पर देखा गया।

CM साय समेत कई जनप्रतिनिधि हुए शामिल
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल हुए। इस दौरान उपमुख्यमंत्री अरुण साव, स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, मंत्री केदार कश्यप, मंत्री टंकराम वर्मा, सांसद बृजमोहन अग्रवाल समेत कई विधायक और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
आयुर्वेद सेवा सम्मेलन के दौरान रक्तदान को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला। बड़ी संख्या में लोगों ने आगे आकर रक्तदान किया और सेवा के इस अभियान में अपनी भागीदारी निभाई।
गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज हुआ आयोजन
आयोजकों के मुताबिक, ‘रक्तदान महादान महाकुंभ’ को गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किया गया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन को सेवा संकल्प अभियान के रूप में मनाया जा रहा है। इसी कड़ी में आयुर्वेद सेवा सम्मेलन का आयोजन किया गया।
31 लोगों ने लिया अंगदान का संकल्प
सम्मेलन में रक्तदान के साथ लोगों को अंगदान और देहदान के लिए भी प्रेरित किया गया। आयोजन के दौरान 31 लोगों ने अंगदान का संकल्प लिया। इनमें अनुज शर्मा भी शामिल हैं।
इसके अलावा सीआरपीएफ के एक अधिकारी और कलेक्टर ने अपनी पत्नी के साथ देहदान का संकल्प लिया। आयोजकों ने लोगों से रक्तदान के साथ अंगदान और देहदान के प्रति जागरूक होने की अपील की।
आयुर्वेद को बढ़ावा देने पर जोर
कार्यक्रम में आयुर्वेद के महत्व पर भी जोर दिया गया। भारत में प्राचीन काल से ही आयुर्वेद की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। केंद्र सरकार ने आयुष मंत्रालय के माध्यम से आयुर्वेद और पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों को बढ़ावा देने की दिशा में कई पहल की हैं।
वहीं, छत्तीसगढ़ सरकार की ओर से भी स्वस्थ छत्तीसगढ़ की दिशा में काम करने और लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है।