रायपुर। छत्तीसगढ़ में ‘सेवा संकल्प अभियान’ के सफल क्रियान्वयन को लेकर उप मुख्यमंत्री एवं प्रभारी मंत्री अरुण साव ने वर्चुअल बैठक लेकर तैयारियों की समीक्षा की। अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा। इस दौरान जनभागीदारी आधारित विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

बैठक में सांसद भोजराज नाग, विधायक आशाराम नेताम और जिला पंचायत अध्यक्ष किरण नरेटी भी वर्चुअल रूप से शामिल हुईं। बैठक में अभियान के तहत प्रस्तावित गतिविधियों, उनकी रूपरेखा और तैयारियों को लेकर अधिकारियों के साथ चर्चा की गई।
अधिकारियों को प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने अधिकारियों को सेवा संकल्प अभियान के तहत प्रस्तावित कार्यक्रमों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अभियान में अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए, ताकि सेवा, स्वच्छता और सामाजिक जागरूकता से जुड़े संदेश व्यापक स्तर तक पहुंच सकें।
उन्होंने 2 अक्टूबर गांधी जयंती के अवसर पर स्वच्छता के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने के लिए सभी स्कूलों में विशेष गतिविधियां आयोजित करने के निर्देश भी दिए।
स्कूलों में विद्यार्थियों को बताया जाएगा स्वच्छता का महत्व
अरुण साव ने कहा कि विद्यालय खुलने के बाद प्राथमिक से लेकर उच्चतर माध्यमिक स्तर तक के विद्यार्थियों को स्वच्छता के महत्व की जानकारी दी जाए। इसके साथ ही विद्यार्थियों को स्वच्छता की शपथ दिलाने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने कहा कि बच्चों को स्वयं स्वच्छ रहने के साथ अपने परिवार और आसपास के लोगों को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक और प्रेरित करने के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।
विद्यार्थियों के जरिए घर-घर पहुंचेगा स्वच्छता का संदेश
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि बच्चों में स्वच्छता की आदत विकसित करने के साथ उन्हें परिवार और आसपास के लोगों को स्वच्छता के लिए प्रेरित करने की जिम्मेदारी भी दी जाए। इससे स्वच्छता को लेकर व्यापक जनजागरूकता विकसित करने में मदद मिलेगी।
उन्होंने कहा कि 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलने वाले सेवा संकल्प अभियान में अलग-अलग स्तरों पर जनभागीदारी आधारित गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। अभियान के जरिए सेवा, स्वच्छता और सामाजिक जागरूकता का संदेश लोगों तक पहुंचाने पर जोर रहेगा।